21 दिन नहीं संभले तो 21 साल पिछड़ जाएंगे, लॉकडाउन पर PM मोदी के संबोधन की 10 बड़ी बातें/ आज रात 12 बजे से पूरे देश में 21 दिन का लॉकडाउन, घर से निकलने पर पूर्ण पाबंदी

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सेफ ओर सिक्योर फरीदाबाद क्राइम न्यूज, दिनांक 24 मार्च 2020 |हनीश|
नई दिल्ली: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने राष्ट्र को संबोधित करते हुए कहा कि वैश्विक महामारी कोरोना को रोकने का कोई और रास्ता नहीं है। अगर उसके संक्रमण के चक्र को तोड़ना है तो सोशल डिस्टेंसिंग करनी ही होगी। यह सभी के लिए है। केवल मरीजों के लिए ही नहीं बल्कि पीएम तक के लिए है। इसीलिए पूरे देश में हिंदुस्तानियों को बचाने के लिए रात 12 बजे से तीन हफ्ते के लिए संपूर्ण लॉकडाउन हो गया है।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने मंगलवार को कोरोना वायरस के संक्रमण को लेकर एक हफ्ते में दूसरी बार देश को संबोधित करते हुए कहा कि रात बारह बजे के बाद से घरों से बाहर निकलने पर पूरी तरह से पाबंदी लगाई जा रही है। देश के हर जिले, गांव, शहर गली-मुहल्ले में बाहर आने पर पूरी सख्ती से पाबंदी होगी। उन्होंने कहा कि कोरोना वायरस की संक्रमण साइकिल तोड़ने के लिए 21 दिन का समय बहुत महत्वपूर्ण है। अगर यह 21 दिन नहीं संभले तो यह देश 21 साल पीछे चला जाएगा। अगर अभी भी नहीं संभले तो कई परिवार तबाह हो जाएंगे।

पिछले दो दिनों से देश के कई राज्यों व केंद्र शासित प्रदेशों में लॉकडाउन कर दिया गया है। राज्य सरकारों के इन प्रयासों का बहुत महत्व है। देश को इसकी आर्थिक कीमत उठानी पड़ेगी। लेकिन एक-एक भारतीय के जीवन को बचाना, आपके परिवार को बचाना ही भारत सरकार और राज्य सरकारों की सबसे बड़ी प्राथमिकता है। इसलिए आप सबसे प्रार्थना है कि आप सब इस समय जहां भी हैं, वहीं बने रहें। देश में यह लॉकडाउन तीन सप्ताह के लिए होगा।
आपके घर के दरवाजे पर एक लक्ष्मणरेखा खींच दी है:
उन्होंने कहा कि गांव में हो या शहर में हों, एक ही काम करें कि अपने घर में ही रहें। इस लॉकडाउन के तहत आपके दरवाजे पर एक लक्ष्मणरेखा खींच दी गई है। घर से बाहर आपका एक कदम कोरोना जैसी महामारी को आपके घर में ला सकता है। कई बार कोरोना से संक्रमित व्यक्ति शुरुआत में एकदम स्वस्थ लगता है। इसलिए एहतियात बरतिये, अपने घरों में रहिए। जो लोग घर में हैं, वह सोशल मीडिया पर बहुत इनोवेटिव तरीके से इस बात को बता रहे हैं। एक बैनर जो मुझे भी पसंद आया मैं आपसे भी साझा करना चाहता हूं। कोरोना यानी कोई रोड पर ना निकले।
67 दिनों में एक लाख मरीज और दो लाख के ऊपर जाने में सिर्फ चार दिन:
अगर आज किसी भी व्यक्ति के शरीर में कोरोना वायरस पहुंचता है तो उसके लक्षण दिखने में कई कई दिन लग जाते हैं। विश्व स्वास्थ्य संगठन की रिपोर्ट बताती है कि इस बीमारी से संक्रमित सिर्फ एक व्यक्ति सैंकड़ों लोगों को संक्रमित कर सकता है। डब्लूएचओ का एक और आंकड़ा बहुत अहम है। कोरोना से संक्रमित लोगों की संख्या को एक लाख पहुंचने में 67 दिन लगे थे। फिर अगले एक लाख (यानी दो लाख) लोग सिर्फ 11 ही दिन में संक्रमित हो गए। यह और भी भयावह है कि दो लाख से आगे यह बीमारी पहुंचने में सिर्फ चार दिन लगे। आप अंदाजा लगा सकते हैं कि ये कितनी तेजी से फैलता है। इसीलिए चीन, अमेरिका, फ्रांस, जर्मनी, इटली, फ्रांस जैसे साधन संपन्न देशों में जब कोरोना वायरस ने फैलना शुरू किया तो वहां भी हालात बेकाबू हो गए।
केंद्र ने दिया 15 हजार करोड़ रुपये का पैकेज:
अब कोरोना के मरीजों के इलाज के लिए केंद्र सरकार ने 15 हजार करोड़ रुपये का प्रावधान किया है। इससे कोरोना से जुड़ी जांच तकनीक, वेंटिलेटर,आईसीयू बेड और अन्य उपकरण और पैरामैडिकल साधन भी बढ़ाए जाएंगे। उन्होंने कहा कि राज्य सरकारों से कहा कि सभी के लिए स्वास्थ्य सेवाएं ही पहली प्राथमिकता होनी चाहिए। पूरा अमला देश के साथ खड़ा है। प्राइवेट अस्पताल भी सरकार के साथ काम करने आ रहे हैं।
अफवाह और अंधविश्वास से बचें:
पीएम मोदी ने कहा कि आपसे आग्रह है कि किसी भी अफवाह और अंधविश्वास से बचें। आप केंद्र व राज्य सरकार और चिकित्सकों के निर्देशों का पालन करें। इस बीमारी के लक्षणों के दौरान बिना डाक्टरी सलाह के कोई भी दवा न लें। इससे सेहत को और नुकसान होगा। सभी नागरिक प्रशासन के निर्देशों का पालन करें। 21 दिन का लाकडाउन लंबा समय है। लेकिन आपके परिवार की रक्षा के लिए यही एक अहम रास्ता है। हर हिंदुस्तानी इस मुश्किल घड़ी से विजयी होकर निकलेगा। आप अपना ध्यान रखिए और अपनों का ध्यान रखिए। उन्होंने कहा कि आप सभी जनता कफ्र्यू की सफलता के लिए बधाई के पात्र हैं।
जनता कर्फ्यू की सफलता के लिए पीएम ने देशवासियों को दी बधाई:
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा कि 22 मार्च को हमने जनता कर्फ्यू का जो संकल्प लिया था, एक राष्ट्र के नाते उसकी सिद्धि के लिए हर भारतवासी पूरी संवेदनशीलता और जिम्मेदारी के साथ अपना योगदान दिया। बच्चे, बुजुर्ग, गरीम-मध्यम हर वर्ग लोग परीक्षा की इस पल में साथ आए। जनता कर्फ्यू को हर भारतवासी से सफल बनाया। जनता कर्फ्यू ने बता दिया कि जब देश और मानवता पर संकट आता है तो हम सभी भारतीय मिलकर एकजुट होकर उसका मुकाबला करते हैं। आप सभी जनता कर्फ्यू की सफलता के लिए बधाई के पात्र हैं।
कोरोना का एक रोगी से कई को खतरा:
पीएम मोदी ने WHO की रिपोर्ट का जिक्र करते हुए बताया कि कोरोना वायरस का सिर्फ 1 रोगी 7 से 10 दिनों में सैकड़ों लोगों को वायरस से संक्रमित कर सकता है.
इस रफ्तार से फैला कोरोना- पीएम
पीएम मोदी ने WHO के हवाले से कहा कि 1 लाख तक पहुंचने में 67 दिन लगे थे. उसके बाद सिर्फ 11 दिनों में 2 लाख लोग करोना वायरस से संक्रमित हो गए. जबकि 2 लाख लोगों से 3 लाख लोगों के संक्रमित होने में मात्र 4 दिन का समय लगा.
घर की लक्ष्‍मण रेखा न लाघें:
प्रधानमंत्री ने कहा है कि किसान से लेकर प्रधानमंत्री तक कोरोना के फैलने की चेन को तभी तोड़ सकते हैं जबकि वे घर की लक्ष्मण रेखा न लाघें.
आज का एक्‍शन हमारा भविष्‍य तय करेगा:
पीएम मोदी ने कहा कि आज के एक्शन यह तय करेंगे कि हमारा भविष्य क्या होगा. उन्होंने कहा कि हमें कोरोना के फैलने की चेन को तोड़ना होगा क्योंकि ‘जान है तो जहान है.’
पीएम ने मीडिया का किया जिक्र
प्रधानमंत्री ने इस महामारी के प्रसार की कठिन परिस्थितियों में भी लगातार काम करने वाले अस्पताल के स्टाफ, डॉक्टर, नर्सों और एंबुलेंस चलाने वालों के लिए प्रार्थना करने की अपील की है. उन्होंने यह भी कहा कि मीडिया के लोगों के बारे में भी सोचिए जो संक्रमण का खतरा उठाकर काम 24 घंटे जानकारी देने के लिए काम कर रहे हैं. उन्होंने पुलिस कर्मियों के बारे में भी सोचने के लिए कहा.
जरूरत के सामान मिलते रहेंगे:
पीएम मोदी ने कहा कि सभी आवश्यक वस्तुओं की सप्लाई बनी रहे, इसके लिए सभी उपाय किए गए हैं. उन्होंंने भरोसा दिया कि ये इंतजाम आगे भी किए जाएंगे. उन्होंने कहा कि गरीबों के लिए भी लगातार कई लोग काम कर रहे हैं.
अफवाह से बचें:
किसी भी तरह की अपवाह से बचने का निर्देश भी प्रधानमंत्री ने दिया है.
डॉक्‍टर की सलाह से ही दवा लें:
साथ ही ने पीएम मोदी ने बिना डॉक्टर की सलाह के किसी भी तरह की दवा न लेने का निर्देश भी दिया है.
भारत में कितने मामले?
बता दें कि देश में कोरोना वायरस से संक्रमित मरीजों की संख्या लगातार बढ़ती जा रही है. अब तक देश में कोरोना वायरस से संक्रमित 550 से ज्यादा मरीज सामने आ चुके हैं. वहीं कोरोना वायरस के कारण भारत में 10 मरीजों की जान भी जा चुकी है.
बॉलीवुड के म्यूजिक डायरेक्टर और सिंगर विशाल ददलानी (Vishal Dadlani) का ट्वीट आया है और यह खूब वायरल भी हो रहा है. यह लॉकडाउन 14 अप्रैल तक रहेगा.

बॉलीवुड के म्यूजिक डायरेक्टर और सिंगर विशाल ददलानी (Vishal Dadlani) ने एक ट्वीट किया है और लिखा है, ‘इसकी जरूरत थी. नरेंद्र मोदी जी इस बड़े कदम को उठाने के लिए हिम्मत की जरूरत होती है. हम इस कदम में जरा सी देर कर चुके हैं लेकिन इस कदम को मेरा पूरा सपोर्ट है. उम्मीद यही है कि मानवता और भारत कोरोनावायरस पर जीत हासिल करेगा, और हम ज्यादा मजबूत होकर उभरेंगे.’
भारत में कोरोनावायरस (Coronavirus) के मरीजों की संख्या 500 पार कर गई है. मंगलवार को स्वास्थ्य मंत्रालय के आंकड़ों के मुताबिक अब तक 519 कोरोना के मरीजों का पता चला है, जबकि 9 लोगों की मौत हो चुकी है. मंगलवार को अब तक 52 नए मामले सामने आ चुके हैं. अच्छी खबर ये है कि 40 लोग इस बीमारी से ठीक हो चुके हैं. बता दें कि सोमवार को महाराष्ट्र, दिल्ली और पंजाब की सरकारों ने सोमवार को कर्फ्यू लागू कर दिया जबकि भारत के अधिकतर हिस्सों में लॉकडाउन हो गया है. साथ ही कोरोनावायरस को फैलने से रोकने के लिए घरेलू उड़ानों पर भी रोक लगा दी गई है.

आज रात से घरेलू विमान सेवा को अगले आदेश तक के लिए बंद कर दिया जाएगा। अंतरराष्‍ट्रीय विमान सेवा पहले से ही बंद कर दी गई है। यह फैसला बाहर से आने वालों की वजह से कोरोना वायरस के फैलने के मद्देनजर लिया गया है। हालांकि कार्गो विमानों की आवाजाही पर किसी भी तरह की कोई पाबंदी नहीं लगाई जाएगी। लेकिन इस बीच घरेलू विमानों के टिकटों की कीमत में काफी इजाफा देखा गया है। आपको यहां पर ये भी बता दें कि कोरोना वायरस को रोकने के लिए सरकार जो उपाय कर रही है उसकी जानकारी देने के लिए 24 मार्च (मंगलवार) को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी एक बार फिर से देश के नाम अपना संबोधन देंगे। इससे पहले गुरुवार को उन्‍होंने देश को संबोधित किया था और जनता कर्फ्यू लगाने की अपील की थी।
बहरहाल, घरेलू उड़ानों के बंद होने की खबर के बाद इनकी टिकटों की कीमत में बेतहाशा तेजी देखी गई है।टिकट बुकिंग की जानी मानी वेब साइट पर मुंबई से दिल्‍ली की 24 मार्च की फ्लाइट के टिकट की कीमत 12000 रुपये से लेकर 36 हजार रुपये तक देखी गई। वहीं दिल्‍ली से मुंबई जाने वाले विमानों में ये किराया 5600 से लेकर 36 हजार के बीच दिखाई दे रहा है। वहीं आज का लखनऊ से दिल्‍ली का किराया 3300-12000 के बीच दिखाई दे रहा है।
इससे पहले सोमवार को भी लॉकडाउन के कारण लखनऊ के चौधरी चरण सिंह अंतरराष्ट्रीय एयरपोर्ट के घरेलू टर्मिनल के बंद होने के बाद अब घरेलू विमानों में भी पैसेंजर की संख्या में तेजी से गिरावट देखी गई। सोमवार को 22 विमान निरस्त कर दिए गए। जबकि, दिल्ली से आने वाली इंडिगो की फ्लाइट फुल हो गई। ट्रेन निरस्त होने से विमानों से लखनऊ आने वाले यात्रियों के बीच अफरातफरी रही। इसी बीच विमान कंपनियों ने अपना किराया भी बढ़ा दिया। जिसके चलते दिल्ली से लखनऊ का किराया 13 हजार तक पहुंच गया।
भारतीय रेल की सलाह- युद्ध में भी कम नहीं हुई थी ट्रेन की रफ्तार, गंभीरता को समझें घर में रहें:
रेल मंत्रालय के इस ट्वीट पर धडाधड़ प्रतिक्रियाएं आने लगीं और कुछ ही घंटों में इसे 34.8 हजार से अधिक बार रिट्वीट किया गया। इस ट्वीट को 98 हजार से अधिक लाइक्‍स मिले। लोगों ने कमेंट्स सेक्‍शन में अपना सपोर्ट दिखाया। नए कोरोना वायरस के कारण भारतीय रेलवे ने भी अपनी सेवा रोक दी है। इस क्रम में 13,523 ट्रेनों को रोका गया है केवल मालगाड़ियों का परिचालन जारी रहेगा। शुरुआत में भारतीय रेलवे ने केवल यात्री ट्रेनों की सेवाएं रोकी थीं। रविवार रात रेलवे ने सभी यात्री सेवाओं को बंद करने का फैसला ले लिया।
इसके अलावा रेलवे ने ट्वीट (Tweet) कर प्रशासन द्वारा उठाए गए कदमों की भी जानकारी दी थी। ट्वीट में बताया, ‘वर्तमान परिस्थितियों को देखते हुए और देश में कोरोना वायरस के प्रसार को रोकने के लिए प्रशासन द्वारा विभिन्न सक्रिय कदम उठाए गए हैं, कृपया इनका पालन करने में सहयोग करें। सोशल डिस्टेंस (Social Distance) बनाए रखें और भीड़- भाड़ वाली जगहों में बिलकुल भी ना जाएं।’
भारतीय रेलवे ने सभी सभी यात्री ट्रेनों को 22 मार्च से 31 मार्च मध्‍यरात्रि तक सस्‍पेंड कर दिया है। 20 से अधिक राज्‍यों व केंद्रशासित प्रदेशों में 31 मार्च तक लॉकडाउन लागू कर दिया गया है। लोगों को घर के भीतर रहने और सेल्‍फ क्‍वारंटाइन (Self Quarantine) के लिए कहा है। नए वायरस को फैलने से रोकने का यह एकमात्र रास्‍ता है। 31 मार्च तक दिल्‍ली लॉकडाउन है। मेट्रो, कैब व अधिकांश बसों समेत कई पब्‍लिक ट्रांसपोर्ट (Public Transport) पर रोक लगा दी गई है। सीमाएं (Border) सील हैं।
हाइलाइट्स:
डेबिट कार्ड धारक अगले तीन महीनों तक किसी भी बैंक के एटीएम से पैसे निकाल सकेंगे
किसी भी बैंक के एटीएम से पैसे निकालना फ्री होगा तीन महीने तक
कुछ महीनों तक बैंक खाते में मिनिमट बैलंस का शर्त से भी छूट दी गई है
कोना टाइम में पैसों की जरूरत को पूरा करने के लिए वे नजदीकी एटीएम से पैसे निकाल सकेंगे

कोरोनावायरस से लड़ रही इकॉनमी को सरकार ने थोड़ी राहत देने की कोशिश की है। आईटीआर फाइलिंग से लेकर पैन-आधार लिंकिंग तक कई वित्तीय डेडलाइन्स को आगे बढ़ाकर 30 जून कर दिया गया है। इसके अलावा एक और फैसला जो इस मुश्किल घड़ी में जनता के लिए राहत भरा है, वह है किसी भी बैंक के एटीएम से पैसे निकालने पर कोई फीस न लगना।
वित्त मंत्री के फैसले के मुताबिक, डेबिट कार्ड धारक अगले तीन महीनों तक किसी भी बैंक के एटीएम से पैसे निकाल सकेंगे जिसपर कोई चार्ज नहीं लगेगा। साथ ही, कुछ महीनों तक बैंक खाते में मिनिमट बैलंस का शर्त से भी छूट दी गई है।
वित्त मंत्री के इस ऐलान से सभी बैंकों के खआताधारकों को राहत मिलेगी क्योंकि कोरोनावायरस के बढ़ते मरीजों और देशभर में लॉकडाउन के बीच वे घरों से बाहर नहीं निकल पा रहे हैं। ऐसे में पैसों की जरूरत को पूरा करने के लिए वे नजदीकी एटीएम से पैसे निकाल सकेंगे, फिर चाहे वह किसी भी बैंक का क्यों न हो।
कोरोना के प्रसार के बीच अन्य बड़े फैसले:
-वित्त वर्ष 2018-19 के लिए टैक्स रिटर्न फाइल करने की आखिरी तारीख बढ़ाकर 30 जून कर दिया गया है।
– मार्च, अप्रैल, मई के लिए जीएसटी रिटर्न भरने की तारीख बढ़ाकर 30 जून कर दी गई है।
– विवाद से विश्वास स्कीम को भी अब 30 जून कर दिया गया है। 31 मार्च के बाद 30 जून तक कोई अतिरिक्त चार्ज नहीं लगेगा।
– आधार पैन लिंक करने की आखिरी तारीख बढ़ाकर 30 जून 2020 तक कर दी गई है।
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